🌺 राम रहस्य: एकात्मक ब्रह्म से नरनारायण लीला तक

🔶 प्रस्तावना: राम रहस्य और एकात्मक ब्रह्म का परिचय भारतीय शास्त्रों में एक शाश्वत महासूत्र बार-बार प्रतिध्वनित होता है — “सत्यमेकं बहुधा वदन्ति।” अर्थात, “सत्य एक है, पर उसे अनेक रूपों में कहा गया है।” यह राम रहस्य उसी परम सत्य को उद्घाटित करता है, विशेषकर जब हम एकात्मक ब्रह्म के स्वरूप में भगवान राम … Read more

🌿 राम रहस्य दर्शन त्रिकोण

राम रहस्य दर्शन: त्रिकोण – ‘राम रहस्य दर्शन’ प्रकट करता है कि ब्रह्म — कार्य, कारण और उनसे परे परात्पर रूप में कैसे तीन स्वरूपों में प्रतिष्ठित हैं:भगवान विष्णु — कार्य ब्रह्म, भगवान कृष्ण — कारण ब्रह्म और भगवान राम — कार्य-कारणातीत परात्पर परब्रह्म। भगवान विष्णु — कार्य ब्रह्म श्लोक — विष्णु पुराण १.१.३१ विष्णोः … Read more